🩸 एनीमिया – रक्त, ऑक्सीजन और शक्ति की प्राकृतिक बहाली

जब रक्त में स्वस्थ लाल रक्त कोशिकाएँ या हीमोग्लोबिन पर्याप्त मात्रा में नहीं होता, तो शरीर में ऑक्सीजन ले जाना कम हो जाता है। इससे थकान, कमजोरी और ऊर्जा की कमी होती है। Dr. Arasakone Clinic में हम अनुशासित भोजन, हर्बल औषधि और जीवनशैली चिकित्सा से हीमोग्लोबिन को प्राकृतिक रूप से पुनर्निर्मित करते हैं — जिससे रक्त की गुणवत्ता और ऑक्सीजन प्रवाह बेहतर होता है।

🌅 सुबह की दिनचर्या – शरीर को जगाएँ

नींद से उठने के बाद 3–5 मिनट बिस्तर पर शांत रहें। फिर लगभग 40 बार 4‑7‑8 श्वास करें: 4 सेकंड श्वास, 7 सेकंड रोकें, 8 सेकंड श्वास छोड़े। यह तकनीक ऑक्सीजन परिसंचरण बढ़ाती है, मन को शांत करती है और लाल रक्त कोशिकाओं की क्रिया को सक्रिय करती है।

🌅 सुबह की दिनचर्या – शरीर को जगाएँ

उठने के बाद 3–5 मिनट बिस्तर पर शांत रहें। फिर 4‑7‑8 श्वास लगभग 40 बार करें: 4 सेकंड श्वास, 7 सेकंड रोकें, 8 सेकंड छोड़ें। यह तकनीक ऑक्सीजन परिसंचरण बढ़ाती है, मन को शांत करती है और लाल रक्त कोशिकाओं की क्रिया को सक्रिय करती है।

सुबह 6:00–8:00 के बीच धूप में नंगे पैर 20–30 मिनट चलें। इससे रक्त संचार सुधरता है, विटामिन D बनता है और लाल कोशिकाओं का प्राकृतिक निर्माण प्रोत्साहित होता है।

वॉक के बाद गुनगुना पानी और PBT टैबलेट (प्रोबायोटिक + जिंक) लें — यह आंतों के स्वास्थ्य और पोषक‑अवशोषण को मजबूत करता है।

🍽️ पहला भोजन – कैल्शियम और ऊर्जा समर्थन (बिना आयरन)

पहला भोजन कैल्शियम और मेटाबॉलिक ऊर्जा पर केंद्रित है। इसमें बकरी/भेड़ का दूध, दही, तिल और सहजन (मोरिंगा) शामिल कर सकते हैं। इस भोजन में आयरन नहीं है, इसलिए चाय/कॉफी ली जा सकती है।

इस भोजन के साथ AKP 2.0, KCP 2.0, मैग्नीशियम, B‑कॉम्प्लेक्स, विटामिन D3 और K2‑MK7 लें — हड्डियाँ मजबूत होंगी और लीवर व मेटाबोलिज्म को समर्थन मिलेगा।

दूसरे भोजन से पहले 7½ घंटे का अंतर रखें।

🌇 दूसरा भोजन – आयरन अवशोषण चरण (कैल्शियम/चाय/कॉफी नहीं)

दूसरा भोजन हीमोग्लोबिन बनाने के लिए समर्पित है। सभी कैल्शियम खाद्य, चाय और कॉफी से बचें — ये आयरन अवशोषण में बाधा डालते हैं।

Hemo Plus 2.0 लें और लाल चावल, पालक, कुलथी, चुकंदर और खजूर जैसे आयरन‑समृद्ध खाद्य शामिल करें। अवशोषण बढ़ाने के लिए आंवला, अमरूद और साइट्रस फलों जैसे विटामिन‑C स्रोत जोड़ें।

यह चरण आयरन भंडारण और ऑक्सीजन‑वहन क्षमता बढ़ाता है, ऊर्जा और स्टैमिना को पुनर्स्थापित करता है।

🌙 रात की दिनचर्या – रिकवरी और पुनर्स्थापन

सोने से पहले एक और PBT टैबलेट (प्रोबायोटिक) लें — रातभर आंतों का संतुलन बना रहता है और अवशोषण/रिकवरी को समर्थन मिलता है।

नींद से पहले कुछ मिनट शांत श्वास या कृतज्ञता चिंतन करें। रात 10:00 बजे से पहले सोएँ — इसी समय लाल कोशिकाओं का पुनर्जनन सबसे प्रभावी होता है।

🌿 मानक प्रोटोकॉल सारांश

मुख्य सप्लीमेंट्स

  • Hemo Plus 2.0 – प्राकृतिक आयरन और फोलेट समर्थन
  • AKP 2.0 – लीवर डिटॉक्स और पोषक‑परिवर्तन
  • KCP 2.0 – संचरण और बोन‑मैरो समर्थन
  • PBT टैबलेट – अवशोषण के लिए प्रोबायोटिक्स + जिंक
  • मैग्नीशियम, B‑कॉम्प्लेक्स, विटामिन D3, K2‑MK7, ओमेगा‑3 (क्रिल ऑयल 2000–4000 mg)

जीवनशैली अभ्यास

  • प्रतिदिन 4‑7‑8 श्वास (40 राउंड)
  • सुबह और शाम नंगे पैर चलना
  • दिन में दो भोजन, 7.5 घंटे का अंतर
  • धूम्रपान/शराब नहीं
  • जल्दी डिनर और 10:00 बजे से पहले सोना
  • धीरे खाएँ, अच्छी तरह चबाएँ, और शांति से खाएँ

किन चीज़ों से बचें

  • आयरन भोजन के साथ चाय/कॉफी
  • आयरन भोजन के समय कैल्शियम खाद्य
  • पैक्ड/प्रोसेस्ड खाद्य
  • रिफाइंड चीनी और गेहूँ‑प्रधान भोजन

क्या शामिल करें

  • लाल चावल, कुलथी, पालक, चुकंदर, खजूर, तिल, सहजन, कद्दू के बीज
  • आंवला, अमरूद, साइट्रस फल
  • बकरी का दूध और दही (केवल सुबह)
  • किण्वित लाल चावल का पानी (सुबह का प्रोबायोटिक स्रोत)

💪 अपेक्षित परिणाम

इस कार्यक्रम का पालन करने पर 6–8 सप्ताह में हीमोग्लोबिन स्तर सामान्यतः बेहतर होते हैं, ऑक्सीजन स्तर बढ़ता है और थकान कम होती है। रोगी ताकत, एकाग्रता और स्पष्टता पुनः प्राप्त करते हैं। हमारा उद्देश्य केवल एनीमिया का उपचार नहीं — बल्कि शरीर की प्राकृतिक बुद्धि को सक्रिय कर स्वस्थ रक्त का निर्माण करना है।

Dr. Arasakone Clinic में हम सिद्ध हर्बल चिकित्सा, आधुनिक पोषण, सूर्य‑प्रकाश और श्वास‑थेरेपी को मिलाकर दीर्घकालिक संतुलन और जीवनशक्ति जगाते हैं।

⚠️ महत्वपूर्ण चिकित्सा नोट – CKD (क्रॉनिक किडनी डिजीज) के लिए

यदि आप एनीमिया रोगी हैं और साथ में CKD भी है, तो कृपया इस रूटीन को अपनाने से पहले क्लिनिक से परामर्श लें। CKD में प्रोटोकॉल व्यक्तिगत रूप से तैयार किया जाता है — क्योंकि एनीमिया के लिए उपयुक्त कई खाद्य (जैसे लाल चावल, किण्वित प्रोबायोटिक्स, कुछ पत्तेदार सब्जियाँ) फॉस्फोरस/पोटैशियम में उच्च होते हैं, जो किडनी पर भार डाल सकते हैं।

CKD रोगियों को कम‑फॉस्फोरस, किडनी‑सुरक्षित संस्करण का पालन करना चाहिए जो गुर्दा‑कार्य की रक्षा करते हुए हीमोग्लोबिन में सुधार करता है। यदि किडनी रोग है या डायलिसिस पर हैं, तो किसी भी सप्लीमेंट/हर्बल प्रोटोकॉल को शुरू करने से पहले चिकित्सीय सलाह अवश्य लें।

Anemia – Restoring Blood, Oxygen & Strength Naturally | Dr.Arasakone Clinic | Dr. Arasakone Clinic